नदिया, पश्चिम बंगाल। पश्चिम बंगाल के नदिया जिले के कलिगंज में बम विस्फोट से एक 13 वर्षीय लड़की की मौत के मामले में पुलिस ने एक और व्यक्ति को गिरफ्तार किया है।

यह गिरफ्तारी जिले के पलाशी इलाके से गुरुवार (3 जुलाई 2025) की रात को हुई, जिससे इस मामले में कुल गिरफ्तारियों की संख्या अब 10 हो गई है।

एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने शुक्रवार (4 जुलाई 2025) को बताया कि यह गिरफ्तारी चल रही जांच का हिस्सा है। सभी आरोपियों से पूछताछ की जा रही है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि विस्फोट किसके इशारे पर और किन परिस्थितियों में हुआ।

यह मामला तब सामने आया जब कलिगंज के मोलंदी गांव में कथित तौर पर तृणमूल कांग्रेस की विजय रैली के दौरान बम फेंके गए। इस घटना में एक 13 साल की मासूम बच्ची की मौके पर ही मौत हो गई, जिससे इलाके में तनाव फैल गया।

स्थानीय लोगों का कहना है कि घटना के वक्त गांव में तृणमूल कार्यकर्ताओं की एक रैली निकाली जा रही थी, तभी अचानक बम धमाके हुए। मृतक लड़की अपने घर के पास खड़ी थी, जब वह इस हमले की चपेट में आ गई।

इस दुखद घटना के बाद से मोलंदी और आसपास के गांवों में पुलिस गश्त बढ़ा दी गई है। कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए अतिरिक्त सुरक्षाबलों की तैनाती की गई है। जिला प्रशासन ने संवेदनशील इलाकों में अलर्ट जारी कर दिया है।

राजनीतिक दलों के बीच भी इस घटना को लेकर आरोप-प्रत्यारोप शुरू हो गए हैं। विपक्ष ने राज्य सरकार और सत्तारूढ़ दल पर हिंसा को बढ़ावा देने का आरोप लगाया है, जबकि तृणमूल कांग्रेस ने घटना में अपनी भूमिका से इनकार किया है।

पुलिस सूत्रों के अनुसार, अब तक जिन 10 लोगों को गिरफ्तार किया गया है, उनमें से कुछ का आपराधिक रिकॉर्ड पहले से रहा है। फिलहाल सभी आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेजा गया है और मामले की तफ्तीश तेजी से की जा रही है।

स्थानीय प्रशासन ने मृतक परिवार को सहायता राशि देने की घोषणा की है और घटना की निष्पक्ष जांच का आश्वासन दिया है। पीड़ित परिवार का रो-रो कर बुरा हाल है और वे न्याय की मांग कर रहे हैं।

विस्फोट के बाद बम निरोधक दस्ते और फॉरेंसिक टीम ने मौके पर पहुंचकर सबूत जुटाए हैं। शुरुआती जांच में पता चला है कि देशी बम का इस्तेमाल किया गया था, जिसकी तीव्रता काफी ज्यादा थी।

इस घटना ने एक बार फिर से बंगाल में चुनावी हिंसा और राजनीतिक उत्सवों के दौरान बढ़ती असुरक्षा को उजागर कर दिया है। बालिका की मौत ने जनभावनाओं को झकझोर दिया है, और लोग सोशल मीडिया पर भी न्याय की मांग कर रहे हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *