मुंबई।
टीवी और बॉलीवुड की मशहूर एक्ट्रेस शेफाली जरीवाला को हाल ही में कार्डिएक अरेस्ट हुआ, जिसने उनके लाखों फैंस को चौंका दिया। 42 वर्षीय शेफाली अपनी फिटनेस और हेल्दी लाइफस्टाइल के लिए जानी जाती हैं, ऐसे में उनका कार्डिएक अरेस्ट एक बड़ा झटका है और यह सवाल उठाता है – क्या सिर्फ फिट रहना हार्ट डिजीज से बचाने के लिए काफी है?
शेफाली जरीवाला, जिन्हें लोग ‘कांटा लगा’ गर्ल के नाम से भी जानते हैं, हमेशा एक्टिव और एनर्जेटिक नजर आईं हैं। योगा, डांस, स्ट्रेंथ ट्रेनिंग और संतुलित डाइट उनकी दिनचर्या का हिस्सा रही है। लेकिन फिर भी उन्हें कार्डिएक अरेस्ट आना इस बात का इशारा है कि दिल की बीमारियां अब उम्र या फिजिकल फिटनेस नहीं देखतीं।

कार्डिएक अरेस्ट क्या होता है?
कार्डिएक अरेस्ट का मतलब होता है – दिल का अचानक धड़कना बंद हो जाना। यह हार्ट अटैक से अलग होता है। जहां हार्ट अटैक में ब्लड सप्लाई रुकती है, वहीं कार्डिएक अरेस्ट में दिल की इलेक्ट्रिकल एक्टिविटी रुक जाती है जिससे शरीर के बाकी हिस्सों तक खून नहीं पहुंचता। अगर तुरंत CPR (कार्डियो पल्मोनरी रिससिटेशन) और मेडिकल सहायता न मिले तो व्यक्ति की जान जा सकती है।
फिट इंसान को भी क्यों आता है कार्डिएक अरेस्ट?
शेफाली जरीवाला का मामला यही दर्शाता है कि शरीर से तंदुरुस्त दिखना ही अंदरूनी स्वास्थ्य का पूरा संकेत नहीं होता। इसके पीछे कई कारण हो सकते हैं:
- जीन और पारिवारिक इतिहास
अगर परिवार में दिल की बीमारी का इतिहास है, तो व्यक्ति को रिस्क हो सकता है, चाहे वह फिट हो या नहीं। - छिपी हुई हेल्थ कंडीशन
हाई ब्लड प्रेशर, डायबिटीज़, हाई कोलेस्ट्रॉल जैसी बीमारियां बिना लक्षणों के भी मौजूद रह सकती हैं। - हार्मोनल बदलाव और स्ट्रेस
अत्यधिक मानसिक तनाव, स्लीप डिसऑर्डर और लाइफस्टाइल से जुड़ा स्ट्रेस भी दिल पर असर डालता है। - ओवरएक्सरसाइज और डाइट एक्सपेरिमेंट
कभी-कभी अत्यधिक वर्कआउट या एक्सट्रीम डाइटिंग शरीर के लिए नुकसानदायक साबित हो सकती है।
शेफाली की तबीयत कैसे बिगड़ी?
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, शेफाली को अचानक सीने में दर्द और घबराहट की शिकायत हुई। परिवार ने बिना समय गंवाए उन्हें अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टर्स ने कार्डिएक अरेस्ट की पुष्टि की। समय पर CPR और मेडिकल सहायता मिलने से उनकी जान बच गई। फिलहाल उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है।
कार्डिएक अरेस्ट के लक्षण – जिन्हें नजरअंदाज नहीं करना चाहिए
अचानक चक्कर आना या बेहोश हो जाना
- सांस लेने में तकलीफ
- सीने में दबाव या तेज दर्द
- दिल की धड़कन का अनियमित होना
- अत्यधिक पसीना आना
- कमजोरी और थकान
समय पर इलाज कैसे बचा सकता है जान?
डॉक्टर्स का मानना है कि कार्डिएक अरेस्ट के पहले 5 मिनट ‘गोल्डन मिनट्स’ होते हैं। अगर इस दौरान CPR मिल जाए और डिफिब्रिलेटर से शॉक दे दिया जाए तो जीवन बचाया जा सकता है। शेफाली की जान भी इन्हीं कारणों से बच पाई।
क्या सिर्फ एक्सरसाइज काफी है?
- विशेषज्ञों के मुताबिक, सिर्फ एक्सरसाइज करना ही काफी नहीं होता। एक हेल्दी दिल के लिए ये ज़रूरी है:
- साल में एक बार ECG और ब्लड टेस्ट कराना
- पारिवारिक इतिहास का विश्लेषण करना
- स्लीप क्वालिटी और मानसिक स्वास्थ्य का ध्यान रखना
- प्रोफेशनल फिटनेस कोच की निगरानी में वर्कआउट करना
- संतुलित और पोषणयुक्त भोजन
- शेफाली जरीवाला का हेल्थ मैसेज
शेफाली जरीवाला, जो अपने सोशल मीडिया पर अक्सर हेल्थ टिप्स और फिटनेस वीडियो शेयर करती हैं, अब अपने अनुभव के जरिए एक नई चेतावनी बन गई हैं। उन्होंने फैंस से अपील की है कि “फिट दिखना ही हेल्दी होना नहीं है, शरीर के अंदर क्या चल रहा है, उसकी नियमित जांच कराना भी उतना ही जरूरी है।”
सोशल मीडिया पर फैन्स की प्रतिक्रिया
उनके कार्डिएक अरेस्ट की खबर सुनते ही फैन्स सोशल मीडिया पर उनकी सलामती की दुआ करने लगे। #ShefaliJariwala, #CardiacArrest और #StayHeartHealthy जैसे हैशटैग ट्रेंड करने लगे। कई सेलेब्रिटीज़ और हेल्थ एक्सपर्ट्स ने इस घटना को सबक मानते हुए हार्ट चेकअप की ज़रूरत पर जोर दिया।
कैसे बचाव करें?
- रेगुलर हेल्थ चेकअप कराएं
- स्ट्रेस मैनेजमेंट सीखें – मेडिटेशन करें
- स्मोकिंग और अल्कोहल से दूरी बनाएं
- नींद पूरी करें और डिवाइसेस से दूरी रखें
- अगर लक्षण दिखें तो लापरवाही न करें
निष्कर्ष
शेफाली जरीवाला की घटना हमें यह बताती है कि दिल की बीमारी किसी को भी हो सकती है, चाहे वह कितना भी हेल्दी या फिट क्यों न हो। समय पर पहचान और बचाव ही इसका एकमात्र तरीका है। हेल्दी लाइफस्टाइल के साथ-साथ मेडिकल स्क्रीनिंग और मानसिक स्वास्थ्य का ध्यान रखना भी जरूरी है। शेफाली की तरह हम भी अगर सतर्क रहें, तो एक खामोश बीमारी
