चुनाव आयोग (ECI) ने पश्चिम बंगाल सरकार को कड़ी चेतावनी दी है।
BLOs का बढ़ा हुआ मानदेय जारी न करने पर आयोग ने गंभीर आपत्ति जताई है।
आयोग ने राज्य सरकार से कहा है कि भुगतान तुरंत प्रभाव से जारी किया जाए।

ECI ने स्पष्ट किया कि BLOs चुनाव व्यवस्था की रीढ़ हैं।
उनका काम चुनावी प्रक्रिया के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है।
लेकिन राज्य सरकार ने उनका मानदेय बढ़ाए जाने के बावजूद भुगतान रोक रखा है।
इस पर आयोग ने कहा कि यह आचार संहिता और प्रशासनिक जिम्मेदारी का गंभीर उल्लंघन है।
सूत्रों के मुताबिक, ECI ने राज्य के मुख्य सचिव और CEO को नोटिस भेजा है।
नोटिस में पूछा गया कि बढ़ा हुआ मानदेय अभी तक क्यों नहीं भेजा गया।
साथ ही भुगतान में देरी के कारणों का विस्तृत जवाब भी मांगा गया है।
BLOs ने लंबे समय से मानदेय बढ़ाने की मांग की थी।
आयोग ने उनकी मांग को मानते हुए बढ़ोतरी को मंजूरी दी थी।
लेकिन राज्य सरकार के स्तर पर भुगतान अटक गया।
इसके चलते हजारों BLOs नाराज़ थे और कई जिलों में विरोध भी हुआ।
ECI ने साफ कर दिया है कि प्रशासनिक प्रक्रिया में देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
आयोग ने राज्य सरकार को फौरन रिपोर्ट देने का आदेश दिया है।
अगर रिपोर्ट संतोषजनक नहीं मिली तो आगे की कार्रवाई भी की जा सकती है।
राज्य सरकार की तरफ से इस पर अभी कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है।
लेकिन माना जा रहा है कि सरकार जल्द ही भुगतान जारी कर सकती है।
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यह मामला बंगाल में आने वाले चुनावों से पहले बड़ा विवाद बन गया है।
अब नजर इस बात पर है कि राज्य सरकार कितनी जल्दी BLOs को उनका बढ़ा हुआ मानदेय देती है।
